सच ,खबर, महुआडाड़ः महुआडांड़ स्थित जामिया नूरिया जियाउल इस्लाम, अम्वाटोली स्थित मस्जिद ए गौसिया, मदीना मस्जिद समेत अन्य गांव की मस्जिदों में मुस्लिम धर्मावलंबियों के द्वारा ईद की नमाज अदा की गई। जामिया नूरिया जियाउल इस्लाम में मुफ्ती मोहम्मद शब्बीर साहब के द्वारा 8रू30 मदीना मस्जिद में इमाम हाफिज खालिद साहब के द्वारा 8रू30 बजे एवं मस्जिदे गौसिया में इमाम मौलाना गुलाम सरवर फैजी के द्वारा 8रू15 ईद की नमाज अदा कराई गई।ईद के नमाज की तैयारी को लेकर लोग सुबह से ही मस्जिदों में आना शुरू हो गए वक्त होते-होते मस्जिद पूरी तरह से नमाजियों से भर गई और वक्ते मुकर्ररा पर इमाम के पीछे ईद की नमाज अदा की गई। नमाज से पूर्व जामा मस्जिद मदीना मस्जिद गौसिया मस्जिद के इमाम के द्वारा ईद उल फितर को लेकर विस्तृत रूप से जानकारी दी गई। ईद क्यों और कैसे मनाई जाती है ईद में हमें क्या-क्या करना चाहिए इसकी जानकारी विस्तार पूर्वक दी गई। वही जामा मस्जिद के इमाम मुफ्ती शब्बर साहब के द्वारा बताया गया कि यह ईद इनाम के तौर पर दिया गया है। जब मोमिन सभी रोजा पूरा कर लेता है तो अंतिम दिन ईद मनाई जाती है। आगे उन्होंने बताया कि इस दिन सभी लोग आपसी गिले-शिकवे छोड़कर आपस में मेलजोल भाईचारे का मिसाल पेश करते हुए एक दूसरे से गले मिलकर ईद का मुबारकबाद दें। किसी तरह से भी किसी के लिए दिल में किना हसद ना रखें। ईद के नमाज से पूर्व जितने भी लोग हैं उन्हें सदकाए फितर अदा करना वाजिब है। सभी लोग नमाज से पहले पहले तक सदका ए फितर अदा कर देते हैं। जो जकात की ताकत रखते हैं वह सभी भी ईद से पहले पहले अपनी जकात भी अदा कर देते हैं। नमाज के बाद मुफ्ती शब्बर साहब के द्वारा बहुत ही खूबसूरत अंदाज में दुआएं की गई उन्होंने दीन दुनिया आखिरत के लिए दुआएं की। उनके द्वारा राज्य देश व दुनिया में अमन व शांति के लिए दुआएं की गई। जिसके बाद सलातो सलाम पढ़ी गई। और इन लोगों ने एक दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। ईद की नमाज अदा करने की लेकर हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए। ईद को लेकर खास तौर में बच्चों में काफी उत्साह देखी गई बच्चे सुबह से ही नहा धोकर नए परिधानों में सज धज कर नजर आए। बच्चे भी आपस में गले लगाकर एक दूसरे को मुबारकबाद दिए। ईद की तैयारी को लेकर कई तरह के व्यंजन बनाए जाते हैं जिसे लेकर महिलाएं रात से ही लग जाते हैं। खासकर मीठी सेवइयां की की तो बात ही अलग है। जैसे शीर खुरमा, गुलाब जामुन, फालूदा, छोला पूड़ी, दही बड़ा, पलाव, बिरयानी, समेत अन्य कई तरह व्यंजन बनाए जाते हैं। सुरक्षा को लेकर महुआडाड पुलिस प्रशासन के द्वारा पुख्ता इंतजाम किया गया था। महुआडांड़ थाना प्रभारी के निर्देश पर जामा मस्जिद, मदीना मस्जिद, गौसिया मस्जिद के बाहर पुलिस फोर्स की तैनाती की गई थी।