स्नातकोत्तर हिंदी सेमेस्टर-4 के छात्रों को ‘लघु शोध प्रबंध लेखन’ की मिली जानकारी
सच खबर, रांची। एन.पी. विश्वविद्यालय हिंदी विभाग एवं जीएलए कॉलेज हिंदी विभाग के संयुक्त तत्वावधान में स्नातकोत्तर सेमेस्टर-4 (सत्र 2022-24) के विद्यार्थियों के लिए ‘लघु शोध प्रबंध लेखन’ विषयक कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला में मुख्य रूप से महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. आई.जे. खलखो, महाविद्यालय परीक्षा नियंत्रक डॉ. खुर्शीद आलम, विश्वविद्यालय हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. मनोरमा सिंह एवं जीएलए कॉलेज हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. विभा शंकर उपस्थित रहे।
छात्रों को संबोधित करते हुए प्राचार्य डॉ. खलखो ने कहा कि शोध की गुणवत्ता से किसी भी विश्वविद्यालय और महाविद्यालय की प्रतिष्ठा जुड़ी होती है। जितने उच्च कोटि के शोध कार्य होंगे, उतनी ही अधिक विश्वविद्यालय की गरिमा बढ़ेगी।
विश्वविद्यालय हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. मनोरमा सिंह ने शोध लेखन में मात्राओं की शुद्धता और प्रस्तुतीकरण पर विशेष ध्यान देने की बात कही। वहीं, जीएलए कॉलेज हिंदी विभागाध्यक्ष डॉ. विभा शंकर ने शोध प्रक्रिया, विषय चयन, सामग्री संकलन, साहित्यिक चोरी से बचाव और निष्कर्ष लेखन तक की विस्तृत जानकारी साझा की।
महाविद्यालय परीक्षा नियंत्रक डॉ. खुर्शीद आलम ने छात्रों से स्वाध्याय पर बल देते हुए ‘रिसर्च क्या है’ और सामग्री की उपलब्धता पर चर्चा की। उन्होंने छात्रों से दैनिक जीवन में हिंदी के उपयोग को प्राथमिकता देने का आग्रह किया।
कार्यशाला में छात्र-छात्राओं ने सक्रिय रूप से भाग लिया। इसमें आरती कुमारी, शाल्वी तिवारी, सोनम मिश्रा, श्रेया, सबनम तिर्की, खुशबू टोप्पो, काजल, पंकज सहित सैकड़ों विद्यार्थी उपस्थित रहे।



