मुखियाओं व जल सहियाओं को दी गई योजनाओं की जिम्मेदारियों की जानकारी
सच खबर, मेदिनीनगर,। जल जीवन मिशन एवं स्वच्छ भारत मिशन के तहत शुक्रवार को टाउन हॉल में मुखियाओं और जल सहियाओं संग संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के प्रधान महासचिव मस्त राम मीणा ने कहा कि जैसे हर व्यक्ति अपने घर को स्वच्छ रखना चाहता है, वैसे ही यदि हम गांव, पंचायत और राज्य को अपना घर मानें तो स्वच्छता की दिशा में बेहतर परिणाम हासिल किए जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि बीमारियों का मुख्य कारण दूषित पानी और भोजन है, ऐसे में शुद्ध जल और भोजन ग्रहण कर हम अनेक बीमारियों से बच सकते हैं।
उन्होंने बताया कि इतिहास में लोग तालाब, कुएं और प्राकृतिक झरनों का पानी पीते थे, लेकिन आज यह जलस्रोत प्रदूषित हो गए हैं। इन्हें दुरुस्त करना भी हमारी जिम्मेदारी है। जल जीवन मिशन के तहत योजनाओं को अगले पांच साल तक संचालित करने की जिम्मेदारी संवेदक की होती है। यदि किसी योजना में खराबी आती है तो उसे संवेदक के जरिए ठीक कराया जा सकता है।
जेजेएम अभियान निदेशक रमेश घोलप ने जानकारी दी कि 15 अगस्त 2019 को इस मिशन की शुरुआत हुई थी। राज्य में 62.5 लाख परिवारों तक नल से जल पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया था, जिसमें अब तक 55 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। जिले में 3 लाख 65 हजार परिवारों तक नल से जल पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें 53 प्रतिशत काम पूरा कर लिया गया है।
इस दौरान उपायुक्त ने मुखियाओं और जल सहियाओं से कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन की वास्तविक जानकारी गांव स्तर पर आप सबसे बेहतर कोई नहीं दे सकता। कार्यक्रम में कई पंचायत प्रतिनिधियों ने अपने अनुभव भी साझा किए।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन से हुई। धन्यवाद ज्ञापन उप विकास आयुक्त जावेद हुसैन ने किया।
मौके पर स्वच्छ भारत मिशन के निदेशक मनोहर मरांडी, मुख्य अभियंता अनिल प्रसाद, कार्यपालक अभियंता प्रभात कुमार, जिला पंचायती राज पदाधिकारी विनय श्रीवास्तव, सभी बीडीओ, पंचायत सचिव समेत बड़ी संख्या में जल सहिया एवं मुखियागण उपस्थित रहे।









